Posted inpoetry पर्यावरण संरक्षण-“प्रतिभा पाण्डेय” झुलसाती कड़ी थूप ,पेड़ भगवान स्वरुप !छाँव का सुकून ,हवा बहती भर जुनून !शोभा है धरित्री की ,श्रृंगार… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inpoetry अवध में राम-“अशोक कुमार साहू” जीवन में फूल खिला है,अवध में राम मिला है ।राम मिला है श्याम मिला है,जीवन में फूल खिला… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inpoetry मोबाइल पर नाराजगी-“अतुल कुमार” मोबाइल की दुनिया मेंहर इंसान बदल गया हैरूठने मनाने का यारोंअंदाज बदल गया है।। सोचता हूँ फ़ेसबुक पर… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inghazal poetry वजूद-“प्रतिभा पाण्डेय” जीवन के अनोखे अजूबे चार दिन,गम खुशी हँसी मुस्कान के किस्से गिन ।मौत की महबूबा पर चाबुक कसकर,आनन्दित… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inpoetry लायटेन-“वनिता पाटनकर” सुबह से शाम हो जाती थी,किसी को भी मेरी याद ना आती थी,जैसे -जैस अंधेरा होता तो खूटी… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inpoetry कहने को हैं दूरियां-“डॉ विकास शर्मा” कहने को हैं दूरियां तेरे मेरे दरमियान,पर हकीकत को तू जानती है या मैं।चेहरे पर मुस्कुराहट नजर आती… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inghazal अनाड़ी-“हलधर” अनाड़ी ने कभी जानी नहीं सीरत मुहब्बत की ।कबाड़ी क्या लगाएगा सही कीमत इमारत की । हमारे पास… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inArticles गायत्री की आवाज-“तमन्ना” गायत्री की आवाज से अल्का अपनी सोच से बाहर निकाल आंसू पूछते हुए बोली माफ करना मां वह… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inghazal मज़हबी उन्माद-“हलधर” मज़हबी उन्माद में कुछ मुल्क हैं ख़ाना ख़राब ।कौन सा इस्लाम है आतंक है जिसका रकाब । आ… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024
Posted inpoetry प्रेम पत्र-“प्रतिभा पाण्डेय” जीवन का पहला प्रेम और प्रेम पत्र ,ढूंढती; पर नहीं मिली कही अन्यत्र !छिपा है राज सीने में,सच्ची… Posted by Rajni Prabha February 27, 2024