Posted inArticles poetry मेरे राम-“पंडित अभय चौरे” विरोधी कहते हैं सारे राम मंदिर केजैसे गिराया था बाबरी मस्जिद कोमंदिर को हम सीधे बम से उड़ाएंगे… Posted by Rajni Prabha January 10, 2024
Posted inpoetry shayari एक छोटा सो तिल भी क्या चीज़ है-“निरेन कुमार सचदेवा” तिल भी क्या चीज़ है , जो गुड पे लगा वो गजक हो गया——-जो गाल पे लगा ,… Posted by Rajni Prabha January 10, 2024
Posted inpoetry मेरा देश मेरी वसुंधरा-“कुलदीप सिंह रुहेला” आओ मिलके जीवन कीबगिया को आज महकाते हैसब अपनी बगिया में मिलकेएक प्यार का पौधा उगाते है हो… Posted by Rajni Prabha January 10, 2024
Posted inpoetry कुछ है जो अधूरा है-“विजय कुमारी सहगल” कुछ है जो अधूरा हैजीवन का ,हर एक सपना,पूरा है lफिर भी,न जाने क्यों ?यह लगता है lसब… Posted by Rajni Prabha January 10, 2024
Posted inpoetry 🌹🌹अपनापन सा लगता है 🌹🌹-“सन्तोष पाण्डेय” जब से मैंने देखा तुमको,अपनापन सा लगता है lरजनी सजनी सी लगती है,दिन दुल्हन सा लगता है ll… Posted by Rajni Prabha January 3, 2024
Posted inpoetry मैं इंतजार कर लूंगा-2=”प्रीतम कुमार झा” होठों पे न जबतक हां आयेये जान रहे या के जाये।मैं राह तकूंगा अनवरत,दिल बेकरार कर लूंगा।मैं इंतजार… Posted by Rajni Prabha December 28, 2023
Posted inpoetry अपदांत सजल-“डाॅ०अनिल गहलौत” पड़े समय का कड़ा तमाचा, दिन में दिखते तारे।।कितने बिगड़े हाथी इसने, सीधे किए, सुधारे।। अहंकार ने, हठधर्मी… Posted by Rajni Prabha December 26, 2023
Posted inpoetry हां वहीं राम है !!!-“प्रीतम कुमार झा” आम से खास तकसांस से सांस तकभाव से भाव तककर्म से आस तकनित्य जो प्यार से,दिखता अविराम हैहां… Posted by Rajni Prabha December 26, 2023
Posted inpoetry बियावान घर-“डाॅ०अनिल गहलौत” बियावान घर से बाहर तक।पसरा घोर तिमिर अंदर तक।। चलते-चलते पाँव थक गए।नदी नहीं पहुँची सागर तक।। बेंगन… Posted by Rajni Prabha December 26, 2023
Posted inpoetry गुजरा जमाना-“प्रीतम कुमार झा” बीते वक्त का कोई पन्ना,जब भी कोई पलटता है।खोया कोई पल तब आकर,नम आंखों को करता है ।… Posted by Rajni Prabha December 26, 2023