महाराणा प्रताप पर कविता*।

महाराणा प्रताप पर कविता*।

वीरता का परिचय,महाराणा प्रताप, स्वाभिमान, गर्व का शाहकार । स्वाभिमान की उच्चता,अद्भुत शौर्य से किया अधीनता का प्रतिकार।…
मसरूफियतें।

मसरूफियतें।

------------------------ तुम्हारी मसरूफियतें क्या कभी कम ना होंगी? जब तुम्हें मिलेंगे फुर्सत के पल तब जाने मैं इस…
” मेरी माँ “

” मेरी माँ “

आंचल मेरी माँ का, पावन पुनीत मनोरम।याद आता नित्य मुझे, माँ का लाड दुलार अनुपम।निस्वार्थ भाव से सेवा…
सजल

सजल

जीवन भर खटते ही रहना, कैसी उद्यमता है माँ की।सबको सुख दे, दुख ही पाना, अनिवार्य विषमता है…