कश्मीर के शैव दर्शन के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन संभव है – कुलपति प्रो पांडेय

मनुष्य की आध्यात्मिक यात्रा के कई पक्षों को उद्घाटित करता है शैव दर्शन - कुलपति प्रो मेननसमरसता और…

तेरे सुनें जहां में-“कुलदीप सिंह रुहेला”

खोंकरतुमको लगातुम ही जीवनकी सारमेरीपतझड़के मौसममें बनके बहारक्यों तुमबनी आज फिर जीने की तमन्ना जागीमेरे ह्रदयमेंसुनेजहां मेंतेरा इंतजार…

प्रेस नोट-देवनागरी लिपि की वैज्ञानिकता के संदर्भ में राष्ट्रीय आभासी संगोष्ठी कल होगी।

राष्ट्रीय शिक्षक संचेतना एवं नागरी लिपि परिषद नई दिल्ली की 276वीं राष्ट्रीय आभासी संगोष्ठी कल दिनांक 5 नवम्बर…