Posted inpoetry पत्नी -“उज्ज्वल प्रताप सहाय” तुम मान मेरी, सम्मान मेरी, तुम मेरी गृहस्वामीनी,तुमसे ही मेरा आन-बान, तुम हो मेरी अर्धांगनी,जीवन के हर कदम… Posted by Rajni Prabha November 4, 2023
Posted inpoetry करवा चौथ🌔-“डॉ. कवि कुमार निर्मल” निर्जला नारी आठ प्रहर रहती, किसके लिए।तुम भी कुछ कर दिखाते, उस भार्या के लिए॥ भारत की परम्परा… Posted by Rajni Prabha November 4, 2023
Posted inpoetry दोस्त-“डॉ विकास शर्मा” दोस्त! जिंदगी से जिंदगी की एक तस्वीर मांगी हमने,जिंदगी ने आगे बढ़कर आईना ए जिंदगी दिखा दिया। बोली… Posted by Rajni Prabha October 30, 2023
Posted inpoetry कंधा-“डॉ विकास शर्मा” जब जरूरत होती है कंधे की तब वो कंधा नहीं मिलता,जो हर पल बात करता था ढूंढ़े से… Posted by Rajni Prabha October 30, 2023
Posted inpoetry शरद पूर्णिमा-“डाॅ सुमन मेहरोत्रा” शरद पूर्णिमा कीखूबसूरत है रैना,पूर्ण चंद्र से सुशोभितहै ये आसमाॅं। धवल चाॅंदनी,शरद पूर्णिमाबरस रही है सुधा झरझर,आओ सब… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023
Posted inpoetry शरद पूर्णिमा-“सुविधा पंडित” ताटंक छन्द आधारित गीत पूर्ण चंद्र की शीतलता ने, जग मधुरिम कर डाला है।आज चाँद अपनी सोलह ही,… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023
Posted inpoetry पगड़ी-“रजत त्यागीपगड़ी” जिम्मेदारी से मिलती है पगड़ी |जिम्मेदारी से बनती है पगड़ी |सर की शोभा को बढ़ाती है पगड़ी |इंसान… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023
Posted inpoetry कोशिश-“जुगेश चंद्र दास” गिर-गिर छोटी चींटियांँ , कभी न मानीं हार।कोशिश करके चढ़ गईं , उच्च शिखर दीवार।।उच्च शिखर दीवार ,… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023
Posted inpoetry देख लिया कुछ नहीं मिला-“डॉ सुलक्षणा” हसीनों के लिए मचल कररूप यौवन पर फिसल करदेख लिया कुछ नहीं मिला इश्क की राह पर चल… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023
Posted inpoetry चिराग तेरी शान तेरे जलाल को मैंने जब से दिल में बसा लियामैंने सब चिराग भुझा दिए तेरा एक… Posted by Rajni Prabha October 27, 2023